Haryana SC Agriculture Loan Scheme 2026: हरियाणा सरकार के हरियाणा अनुसूचित जाति वित्त एवं विकास निगम (HSFDC) द्वारा अनुसूचित जाति वर्ग के लोगों को स्वरोजगार के लिए आर्थिक सहायता देने हेतु कृषि एवं पशुपालन आधारित ऋण योजना संचालित की जा रही है। इस योजना के तहत डेयरी फार्मिंग, मुर्गी पालन, भेड़/बकरी पालन, सुअर पालन तथा झोटा बुग्गी, ऊंट या खच्चर गाड़ी जैसी आय बढ़ाने वाली गतिविधियों के लिए अधिकतम ₹1.50 लाख तक की परियोजना पर ऋण उपलब्ध कराया जाता है। पात्र लाभार्थियों को परियोजना लागत का 50% (अधिकतम ₹50,000) तक सब्सिडी भी दी जाती है।

Haryana SC Agriculture Loan Scheme 2026
योजना की मुख्य बातें
यह योजना अनुसूचित जाति वर्ग के उन परिवारों के लिए शुरू की गई है जो कृषि एवं पशुपालन के माध्यम से अपनी आय बढ़ाना चाहते हैं।
योजना के अंतर्गत निम्न कार्यों के लिए आर्थिक सहायता उपलब्ध है।
- डेयरी फार्मिंग
- मुर्गी पालन
- भेड़ पालन
- बकरी पालन
- सुअर पालन
- झोटा बुग्गी
- ऊंट गाड़ी
- खच्चर गाड़ी
आयु सीमा
योजना का लाभ लेने के लिए आवेदक की आयु निम्न होनी चाहिए।
- न्यूनतम आयु: 18 वर्ष
- अधिकतम आयु: 55 वर्ष
आर्थिक सहायता एवं सब्सिडी
योजना के तहत लाभार्थियों को निम्न लाभ दिए जाते हैं।
- अधिकतम परियोजना लागत: ₹1,50,000
- सब्सिडी: परियोजना लागत का 50%
- अधिकतम सब्सिडी: ₹50,000
विशेष जानकारी
- झोटा बुग्गी, ऊंट या खच्चर गाड़ी योजना में परियोजना लागत का 10% मार्जिन मनी भी निगम द्वारा उपलब्ध कराया जाता है।
- पशु खरीद से संबंधित योजनाओं में केवल निर्धारित सब्सिडी प्रदान की जाती है।
बैंक का लोन कैसे मिलेगा?
- सब्सिडी एवं मार्जिन मनी HSFDC द्वारा दी जाएगी।
- शेष राशि संबंधित बैंक द्वारा ऋण के रूप में उपलब्ध कराई जाएगी।
- बैंक ऋण का भुगतान सीधे विक्रेता को किया जाएगा।
पात्रता
इस योजना का लाभ लेने के लिए आवेदक को निम्न शर्तें पूरी करनी होंगी।
- हरियाणा का स्थायी निवासी होना चाहिए।
- अनुसूचित जाति (SC) वर्ग से संबंधित होना चाहिए।
- आयु 18 से 55 वर्ष के बीच हो।
- परिवार पहचान पत्र (PPP) में सत्यापित वार्षिक आय ₹3 लाख या उससे कम हो।
- निगम या किसी बैंक का डिफॉल्टर नहीं होना चाहिए।
- पहले लिए गए निगम ऋण का दुरुपयोग नहीं किया जाना चाहिए।
- उसी प्रकार की कोई अन्य इकाई पहले से संचालित नहीं होनी चाहिए।
- संबंधित कार्य का पर्याप्त ज्ञान या अनुभव होना चाहिए।
- नए आवेदकों को प्राथमिकता दी जाएगी।
आवश्यक दस्तावेज
आवेदन के समय निम्न दस्तावेज तैयार रखें।
- आधार कार्ड
- अनुसूचित जाति प्रमाण पत्र
- परिवार पहचान पत्र (PPP)
- पैन कार्ड
- बैंक पासबुक की कॉपी
योजना की स्वीकृति
इस योजना में आवेदन की स्वीकृति जिला प्रबंधक (District Manager) स्तर पर की जाती है।
ब्याज संबंधी जानकारी
मार्जिन मनी पर निगम द्वारा निर्धारित ब्याज दर निम्न प्रकार लागू होगी।
- पुरुष: 4% वार्षिक
- महिला: 4% वार्षिक
- डिफॉल्ट होने पर दंड ब्याज: 4% वार्षिक
अन्य महत्वपूर्ण बिंदु:
- ब्याज वितरण की तिथि से लागू होगा।
- मूलधन की वसूली 180 दिन बाद शुरू होगी।
- ऋण अवधि लगभग 1826 दिन (लगभग 5 वर्ष) निर्धारित है।
योजना की खास बातें
- अनुसूचित जाति परिवारों के लिए विशेष योजना।
₹50,000 तक सरकारी सब्सिडी।
डेयरी एवं पशुपालन व्यवसाय शुरू करने का अवसर।
₹1.50 लाख तक परियोजना लागत।
कम ब्याज पर सहायता।
नए आवेदकों को प्राथमिकता।
FAQ
Q1. इस योजना का लाभ किसे मिलेगा?
- हरियाणा के अनुसूचित जाति वर्ग के पात्र नागरिकों को।
Q2. अधिकतम कितनी परियोजना लागत स्वीकृत होगी?
- अधिकतम ₹1.50 लाख तक।
Q3. सरकार कितनी सब्सिडी देगी?
- परियोजना लागत का 50%, अधिकतम ₹50,000 तक।
Q4. परिवार की वार्षिक आय कितनी होनी चाहिए?
- PPP में सत्यापित वार्षिक आय ₹3 लाख या उससे कम होनी चाहिए।
Q5. आवेदन कहाँ करना होगा?
- HSFDC के जिला कार्यालय या निगम द्वारा निर्धारित आवेदन प्रक्रिया के माध्यम से।