Haryana फसल अवशेष प्रबंधन योजना 2026: कृषि यंत्रों पर 50% तक अनुदान: हरियाणा सरकार के कृषि एवं किसान कल्याण विभाग ने फसल अवशेष (पराली) प्रबंधन को बढ़ावा देने के लिए किसानों से विभागीय पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए हैं। इस योजना के तहत किसानों को फसल अवशेष प्रबंधन के लिए आधुनिक कृषि यंत्रों पर अधिकतम 50% तक अनुदान दिया जाएगा। इच्छुक किसान 03 अगस्त 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। यह कोई भर्ती नहीं है, इसलिए इसमें वेतन (Salary) लागू नहीं होता। आवेदन पूरी तरह ऑनलाइन माध्यम से स्वीकार किए जाएंगे।

Haryana फसल अवशेष प्रबंधन योजना 2026
फसल अवशेष प्रबंधन योजना क्या है?
हरियाणा सरकार द्वारा संचालित यह योजना खेतों में फसल अवशेष (पराली) को जलाने के बजाय आधुनिक कृषि मशीनों की सहायता से उसका वैज्ञानिक प्रबंधन करने के उद्देश्य से शुरू की गई है। इससे किसानों को आर्थिक सहायता भी मिलती है और पर्यावरण संरक्षण में भी महत्वपूर्ण योगदान होता है।
इस योजना के माध्यम से किसान आधुनिक कृषि यंत्र खरीदकर खेत में फसल अवशेष का बेहतर प्रबंधन कर सकते हैं।
योजना का उद्देश्य
सरकार का मुख्य उद्देश्य किसानों को आधुनिक मशीनों से जोड़ना और पराली जलाने की घटनाओं को कम करना है। इसके साथ-साथ खेती की लागत घटाना, मिट्टी की उर्वरता बनाए रखना तथा पर्यावरण प्रदूषण को कम करना भी इस योजना का प्रमुख लक्ष्य है।
कितनी मिलेगी सब्सिडी?
इस योजना के अंतर्गत पात्र किसानों को आधुनिक कृषि यंत्रों की खरीद पर अधिकतम 50% तक अनुदान दिया जाएगा। अनुदान की राशि विभाग द्वारा निर्धारित नियमों एवं संबंधित मशीन के अनुसार प्रदान की जाएगी।
लाभार्थियों का चयन कैसे होगा?
आवेदन प्राप्त होने के बाद पात्र लाभार्थियों का चयन उपायुक्त (Deputy Commissioner) की अध्यक्षता वाली जिला स्तरीय कार्यकारिणी समिति द्वारा किया जाएगा।
चयन प्रक्रिया पूरी होने के बाद चयनित किसानों को विभागीय नियमों के अनुसार आगे की प्रक्रिया पूरी करनी होगी।
चयन के बाद क्या करना होगा?
जिन किसानों का चयन होगा, वे अपनी पसंद के सुविख्यात (Empanelled) कृषि यंत्र निर्माताओं से मशीन खरीद सकेंगे। मशीन खरीदने से पहले विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करना आवश्यक होगा।
कृषि यंत्र निर्माताओं के लिए भी अवसर
जो कृषि यंत्र निर्माता इस योजना के अंतर्गत मशीनों की आपूर्ति करना चाहते हैं, उन्हें विभागीय पोर्टल पर अपना पंजीकरण कराना होगा। पंजीकरण के बाद ही वे योजना के अंतर्गत मशीनों की आपूर्ति के लिए पात्र होंगे।
आवेदन की अंतिम तिथि
ऑनलाइन आवेदन करने की अंतिम तिथि:
- 03 अगस्त 2026
अंतिम तिथि का इंतजार किए बिना समय रहते आवेदन करना बेहतर रहेगा।
आवेदन कैसे करें?
आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन है।
- कृषि विभाग के आधिकारिक पोर्टल पर जाएँ।
- किसान के रूप में लॉगिन करें।
- फसल अवशेष प्रबंधन योजना का चयन करें।
- आवश्यक जानकारी भरें।
- जरूरी दस्तावेज अपलोड करें।
- आवेदन की जांच कर अंतिम रूप से सबमिट करें।
- भविष्य के लिए आवेदन की प्रति सुरक्षित रखें।
पात्रता
- आवेदक हरियाणा का पात्र किसान होना चाहिए।
- आवेदन विभागीय पोर्टल के माध्यम से निर्धारित समय के भीतर करना होगा।
- योजना के नियमों एवं विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करना अनिवार्य होगा।
महत्वपूर्ण निर्देश
- आवेदन केवल विभागीय पोर्टल के माध्यम से स्वीकार होंगे।
- आवेदन करते समय सभी जानकारी सही भरें।
- गलत जानकारी मिलने पर आवेदन निरस्त किया जा सकता है।
- केवल चयनित किसानों को ही अनुदान का लाभ मिलेगा।
- मशीन खरीदने से पहले विभागीय निर्देशों का पालन करें।
सहायता के लिए संपर्क
यदि आवेदन या योजना से संबंधित किसी प्रकार की जानकारी चाहिए तो अपने जिले के जिला कृषि उप-निदेशक कार्यालय से संपर्क किया जा सकता है।
टोल फ्री नंबर: 1800-180-2117
किसानों के लिए उपयोगी सलाह
यदि आप इस योजना का लाभ लेना चाहते हैं तो अंतिम तिथि का इंतजार न करें। आवेदन करने से पहले अपने सभी दस्तावेज तैयार रखें और केवल सही जानकारी ही भरें। आवेदन जमा करने के बाद उसकी रसीद सुरक्षित रखें ताकि भविष्य में आवश्यकता पड़ने पर उसका उपयोग किया जा सके।
FAQ
Q1. फसल अवशेष प्रबंधन योजना की अंतिम तिथि क्या है?
- ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि 03 अगस्त 2026 है।
Q2. इस योजना में कितनी सब्सिडी मिलेगी?
- पात्र किसानों को आधुनिक कृषि यंत्रों पर अधिकतम 50% तक अनुदान दिया जाएगा।
Q3. आवेदन कैसे करना होगा?
- आवेदन विभागीय पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन करना होगा।
Q4. किसानों का चयन कौन करेगा?
- लाभार्थियों का चयन उपायुक्त की अध्यक्षता वाली जिला स्तरीय कार्यकारिणी समिति द्वारा किया जाएगा।

Haryana फसल अवशेष प्रबंधन योजना 2026